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IND-A ने AFG-A को 101 रन से रौंदा, ट्राई सीरीज़ के फाइनल में पहुँचा

डंबुला में इंडिया-A ने अफ़ग़ानिस्तान-A को 101 रन से हराकर फाइनल का टिकट कटाया। तिलक वर्मा के अर्धशतक और निशांत सिंधु की फिरकी ने पलटा मैच।

IND-A ने AFG-A को 101 रन से रौंदा, ट्राई सीरीज़ के फाइनल में पहुँचा
डंबुला:

जब वही टीम सामने हो जिसने कुछ दिन पहले आख़िरी गेंद पर आपका दिल तोड़ा हो, तो जीत सिर्फ़ दो अंक नहीं होती — हिसाब होती है। डंबुला में इंडिया-A ने वही हिसाब चुकता किया।

मुक़ाबला करो-या-मरो का था, और इंडिया-A ने अफ़ग़ानिस्तान-A को 101 रन से रौंदकर श्रीलंका-A ट्राई सीरीज़ के फाइनल में जगह पक्की कर ली। यह वही अफ़ग़ानिस्तान-A था जिसने पिछली भिड़ंत में DLS के सहारे इंडिया-A को सिर्फ़ 4 रन से हराया था।

**पहले बल्ले ने नींव रखी।** तिलक वर्मा की अगुवाई वाली टीम ने पहले बल्लेबाज़ी करते हुए 9 विकेट पर 319 रन टाँगे। तिलक वर्मा, प्रियांश आर्य और कुमार कुशाग्र — तीनों के अर्धशतकों ने पारी को वह मज़बूती दी जो बड़े स्कोर के लिए चाहिए।

**फिर टर्निंग पॉइंट आया फिरकी के हाथ।** 320 का पीछा दबाव का खेल था, और उस दबाव को निशांत सिंधु ने भुनाया। उनके 31 रन देकर 4 विकेट ने अफ़ग़ान बल्लेबाज़ी की कमर तोड़ दी। पूरी टीम 36.5 ओवर में 218 पर सिमट गई।

आँकड़ा सीधा है — 319 बनाम 218, यानी 101 रन का फ़ासला। पर असली कहानी फ़ासले में नहीं, उस मोड़ में है जहाँ इंडिया-A ने हार के डर को रणनीति में बदला। टॉप ऑर्डर का रन बनाना और बीच के ओवरों में स्पिन का कसना — टूर्नामेंट जिताने वाला यही संतुलन होता है।

अब निगाहें फाइनल पर हैं। जिस टीम ने दबाव में आकर सबसे बेहतर क्रिकेट खेली, खिताबी मुक़ाबले में वही पलड़ा भारी लेकर उतरेगी। और फ़िलहाल वह पलड़ा नीली जर्सी का दिख रहा है।

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